उत्तरकाशी। गंगोत्री घाटी के धराली आपदा के बाद अब यमुनोत्री धाम के रास्ते में श्यानाचटृी के हालात बहुत नाजुक हैं। एसडीएम बृजेश तिवारी ने बताया कि यमुनोत्री धाम के मुख्य मार्ग पर स्यानाचटृी क्षेत्र में जलभराव से स्थानीय घरों और होटलों को भारी नुकसान पहुँचा है।
यमुना पर भारी भूस्खलन से यमुना पर झील बन रहे हैं और टूट भी रही है जिसके चलते झील बनने से भारी नुकसान हो रहा है। दूसरी ओर, खरादी क्षेत्र में हुए पहाड़ी धसाव के कारण लगभग दस होटल और कई परिवारों के मकान गंभीर खतरे की चपेट में आ गए हैं। यह स्थिति अत्यंत चिंताजनक है और तत्काल कदम उठाने की आवश्यकता है।
बड़कोट एसडीएम ने बताया कि स्यानाचटृी में राहत एवं बचाव कार्य को तेजी से आगे बढ़ाने के लिए विशेष टीमें मौके पर भेजी गई हैं। साथ ही, खरादी क्षेत्र में हुए भू—धसाव का स्थलीय निरीक्षण करने और ठोस कदम उठाने के लिए उच्च स्तरीय दल भी रवाना किया जा रहा है। सरकार की हर कोशिश है कि जनता की सुरक्षा प्राथमिकता में हो।
