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श्रद्धा, आस्था और दिव्यता का संगम: ग्यारहवें ज्योतिर्लिंग श्री केदारनाथ मंदिर के कपाट विधि-विधान के साथ खुले
बद्री विशाल के कपाट खुलने की प्रक्रिया शुरू, जोशीमठ में धूमधाम से संपन्न हुआ त्रिमुडिया मेला
“दून वाणी” और “दून आजतक” का स्थापना दिवस समारोह भव्यता के साथ सम्पन्न
श्रद्धालुओं के लिए गंगोत्री और यमुनोत्री धाम के द्वार खुले
अक्षय तृतीया पर मुख्यमंत्री ने दी शुभकामनाएं, समृद्धि की कामना
मुख्यमंत्री ने ऋषिकेश से चारधाम यात्रा के लिए बसों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया
सीएम पुष्कर सिंह धामी ने मौके पर पहुँचकर जन शिकायत की जांच की, वीडियो कॉल पर अधिकारियों को दिखाया हालात
उत्तराखंड के प्रति पीएम मोदी का प्रेम एक बार फिर दिखा अपने खास अंदाज़ में
पीएम मोदी के स्वागत में उत्तराखंड बना ‘नमोमय’, 12 किमी लंबी मानव श्रृंखला ने रचा इतिहास

Category: धार्मिक/आस्था

बद्री विशाल के कपाट खुलने की प्रक्रिया शुरू, जोशीमठ में धूमधाम से संपन्न हुआ त्रिमुडिया मेला

चमोली: चमोली जनपद के जोशीमठ स्थित प्रसिद्ध नरसिंह मंदिर में शनिवार को पौराणिक त्रिमुडिया मेले का भव्य आयोजन किया गया। इसी के साथ भगवान बद्री विशाल के कपाट खुलने की धार्मिक प्रक्रिया विधिवत रूप से प्रारंभ हो गई है। मेले में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने भाग लेकर पूजा-अर्चना की और क्षेत्र की सुख-समृद्धि की […]

मां कात्यायनी की आराधना से मिलती है शक्ति, जानिए पूजा विधि, लाभ और कथा

नवरात्रि के छठे दिन यानी षष्ठी तिथि पर माता कात्यायनी की पूजा की जाती है। शारदीय और चैत्र नवरात्रि दोनों में इस दिन का विशेष महत्व माना जाता है। मां कात्यायनी को ‘छठ माता’ के नाम से भी जाना जाता है। माता कात्यायनी का स्वरूप अत्यंत दिव्य और तेजस्वी माना गया है। उनकी चार भुजाएं […]

नवरात्रि पंचमी: जानें मां स्कंदमाता का स्वरूप, पूजा विधि, मंत्र:,और व्रत कथा

शारदीय और चैत्र नवरात्रि के पांचवें दिन, यानी पंचमी तिथि को मां स्कंदमाता की पूजा की जाती है। देवी की चार भुजाएं होती हैं। दाईं ओर की ऊपरी भुजा में वे अपने पुत्र स्कंद (कार्तिकेय) को गोद में धारण किए रहती हैं, जबकि नीचे वाली भुजा में कमल पुष्प होता है। बाईं ओर की ऊपरी […]

माँ चंद्रघंटा: नवरात्रि के तीसरे दिन पूजी जाने वाली शक्तिशाली देवी

माँ चंद्रघंटा नवरात्रि के तीसरे दिन पूजी जाने वाली देवी दुर्गा का एक प्रमुख स्वरूप हैं। उनके मस्तक पर घंटे के आकार का अर्धचंद्र विराजमान होता है, इसी कारण उनका नाम ‘चंद्रघंटा’ पड़ा। उनका रूप स्वर्णिम आभा से युक्त है, और वे दस भुजाओं में विभिन्न अस्त्र-शस्त्र धारण कर सिंह पर विराजमान रहती हैं। उनकी […]

मां ब्रह्मचारिणी: नवरात्रि की द्वितीय देवी का सम्पूर्ण परिचय

शारदीय और चैत्र नवरात्रि के दूसरे दिन, यानी द्वितीया तिथि पर मां ब्रह्मचारिणी की पूजा की जाती है। उनका वाहन हंस माना जाता है। इस दिन साधक पूरे मन और श्रद्धा के साथ अपने चित्त को माता के चरणों में समर्पित करते हैं। माता के दाहिने हाथ में जपमाला और बाएं हाथ में कमंडल सुशोभित […]

नवरात्रि के प्रथम दिवस की अधिष्ठात्री माँ शैलपुत्री: शक्ति, स्थिरता और भक्ति का प्रतीक

नवरात्रि के प्रथम दिन पूजी जाने वाली माँ शैलपुत्री पर्वतराज हिमालय की पुत्री हैं। पूर्व जन्म में वे सती थीं, जिन्होंने आत्मदाह के पश्चात पार्वती के रूप में पुनर्जन्म लिया। कठोर तपस्या के माध्यम से उन्होंने भगवान शिव को पुनः अपने पति के रूप में प्राप्त किया। वृषभ (बैल) पर विराजमान माता के दाहिने हाथ […]

कब है मकर संक्रांति,13 या 14 जनवरी ?

मकर संक्रांति 2025: 14 जनवरी 2025 को मकर संक्रांति का पर्व मनाया जाएगा. यह पर्व भारत में बड़े ही उत्साह और श्रद्धा के साथ मनाया जाता है. मकर संक्रांति के दिन सूर्य धनु राशि से मकर राशि में प्रवेश करता है, जिसे सूर्य का उत्तरायण भी कहा जाता है. इस दिन से खरमास भी समाप्त […]

मां धारी देवी दिन में 3 बार बदलती हैं अपना स्वरूप, चार धाम की करती हैं रक्षा

उत्तराखंड का मां धारी देवी मंदिर (Dhari Devi Temple) बहुत रहस्यमयी माना जाता है। यह मंदिर श्रीनगर से 15 किमी की दूरी पर स्थित है। मान्यता के अनुसार मंदिर में विराजमान प्रतिमा दिन में अपना 3 बार रूप बदलती है। सुबह के दौरान मूर्ति कन्या और दोपहर में युवती की तरह दिखाई देती है। वहीं […]

जाने? क्यों मनाया जाता है गणेश चतुर्थी का पर्व

गणेश चतुर्थी क्यों मनाया जाता है? गणेश चतुर्थी, जिसे विनायक चतुर्थी के नाम से भी जाना जाता है, एक महत्वपूर्ण हिंदू त्योहार है जो बाधाओं को दूर करने वाले और ज्ञान व समृद्धि के संरक्षक भगवान गणेश के सम्मान में प्रतिवर्ष मनाया जाता है। गणेश चतुर्थी की शुरुआत 16वीं शताब्दी में मराठा राजा शिवाजी के […]

आज अपने तीसरे पड़ाव पंचमुखी डोली गौरीकुंड से केदारनाथ धाम को हुई प्रस्थान

गौरीकुंड (रूद्रप्रयाग) । भगवान केदारनाथ जी की पंचमुखी डोली ने आज बृहस्पतिवार 9 मई को प्रात: 8.30 बजे तीसरे पड़ाव गौरामाई मंदिर गौरीकुंड से श्री केदारनाथ धाम प्रस्थान हुई। बीते 6 मई को देवडोली श्री ओंकारेश्वर मंदिर उखीमठ से श्री विश्वनाथ मंदिर गुप्तकाशी से प्रवास हेतु पहुंची तथा मंगलबार 7 मई को दूसरे पड़ाव फाटा पहुंची […]

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